केंद्रीय सतर्कता आयोग का गठन सन 1964 में के.संथानम समिति की सिफारिश पर किया गया था जो सरकारी तंत्र में भ्रष्टाचार रोकने की सर्वोच्च संस्था हैं। सन् 2003 में संसद ने विधेयक पारित कर इसे संविधिक दर्जा प्रदान किया।
इसके अध्यक्ष की नियुक्ति राष्ट पति द्वारा की जाती है जिसकी सिफारिश एक समिति करती है जिसमें प्रधानमंत्री, गृह मंत्री ,विपक्ष के नेता शामिल होते है।
इसके अध्यक्ष का कार्यकाल 4 वर्ष या 65 वर्ष की उम्र तक, इसमें जो पहले हो उसी के आधार पर निर्धारित होता है।
इसका मुख्य कार्य भ्रष्टाचार को रोकना , प्राप्त शिकायतों के आधार पर कार्यवाही की अनुशंसा करना आदि।