* सन् 1990 में भारतीय संसद द्वारा भारतीय महिला आयोग अधिनियम पारित किया गया।
* सो 1992 में भारतीय महिला आयोग का गठन किया गया। इस प्रकार यह एक संविधिक संस्था है अर्थात इस का उल्लेख संविधान के अनुच्छेद में नहीं है।
* इसकी प्रथम प्रेसिडेंट जयंती पटनायक बनी।
* कार्य-
- महिलाओं से संबंधित सभी मुद्दों और अधिकारों को देखना , सुनना और आवश्यक सिफारिश सरकार को करना।
- दहेज , उत्पीड़न, धार्मिक भेदभाव, नौकरी में समानता, बराबर वेतन आदि मुख्य मुद्दो पर विशेष ध्यान देना।
- महिलाओं को जागरुक करना।
* अधिकार
यह केवल सिफारिश कर सकता है ।