भौतिक विज्ञान : यान्त्रिकी (अदिश व सदिश राशियां - i)

Day - 18      

अदिश व सदिश राशियां – भौतिक राशियों को भी दो वर्गों में विभाजित किया जाता हैं – अदिश राशियां तथा सदिश राशियां

      अदिश राशियां – वे राशियां जिसमें केवल परिमाण होता है अदिश राशियां कहलाती है। जैसे, संहति, घनत्व, विद्युत धारा, चाल, आयतन, ताप, आदि।

      सदिश राशियां – वे भौतिक राशियां जिनमें परिमाण के साथ-साथ दिशा भी होती है, सदिश राशियां कहलाती है। जैसे, वेग, त्वरण, बल, संवेग, क्षेत्रफल, आदि।

           यदि हम कहे कि ‘बस का चाल 50 किमी/घण्टा है’ तो यह कथन पूर्ण है, परन्तु यह कथन कि ‘बस का वेग 50 किमी/घण्टा है’ अपूर्ण है, क्योंकि वेग एक सदिश राशि है और उसके साथ दिशा बताना आवश्यक है, अतः यह कथन कि ‘बस का वेग उत्तर की ओर 50 किमी/घण्टान्है’ एक पूर्ण कथन है।

      मात्रक (Unit) – किसी राशि की माप या तौल को व्यक्त करने के लिए दो बातों का ज्ञान आवश्यक है –(i) मात्रक एवं (ii) संख्यात्मक मान जो उस राशि के परिणाम को प्रकट करता है, अर्थात् यह बताता है कि उस राशि में मात्रक कितनी बार शामिल है।

       उदाहरण के लिए, जब हम कहते है कि एक छड़ की लबाई 7 मीटर है तो इसका अर्थ है कि छड़ की लम्बाई नापने का मात्रक मीटर है और वह छड़ की लम्बाई में 7 बार शामिल है या छड़ की लम्बाई उसकी 7 गुनी है। यहां पर मात्रक मीटर और संख्यात्मक मान 7 है।        

  शेष फिर अगले नोटस् में ..  

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