1.एटलस पर्वत : उत्तरी अफ्रीका की एक पर्वत श्रेणी जो मोरक्को, अल्जीरिया, और ट्यूनीसिया तक फैली है। यह श्रृंखला 5 श्रेणियो मे विभाजित है जो एक दूसरे के समानांतर है।
1: ग्रेट एटलस पर्वत , 2: एन्टी एटलस पर्वत , 3:मध्य एटलस 4: सहारा एटलस । यह एक वलित पर्वत का उदाहरण है। इसका निर्माण अल्पाइन युग मे हुआ। एटलस पर्वत की सर्वोच्च श्रेणी टोबुकोल(4165 मी.) ग्रेट एटलस पर्वत का भाग हैं। मोरक्को में एटलस की हाई एटलस अवस्थित है।
2: माउंट किलिमंजारो: यह माउंट किबो के नाम से भी जाना जाता है। अफ्रीका की सर्वोच्च ऊँची चोटी(5895मी.) जो तंजानिया में अवस्थित है। यह एक अवशिष्ट ज्वालामुखी पर्वत है। किलिमंजारो की ढाल पर कहवा की खेती होती है। इसकी छोटी वर्ष भर बर्फ से ढकी रहती है।यह मृत ज्वालामुखी पर्वत है।
3:माउंट केन्या: केन्या की सबसे ऊंची चोटी तथा अफ्रीका की दूसरी सबसे ऊँची चोटी है। यह ज्वालामुखी से निर्मित पर्वत है
4:माउंट एलगन: केन्या की चोटी जो युगांडा की सीमा पर अवस्थित एक अति सक्रिय ज्वालामुखी है।
5:माउंट कैमरून : अफ्रीका का एक मात्र सक्रिय ज्वालामुखी पर्वत जो कैमरून के तटीय क्षेत्र में अवस्थित है। यह लौह भंडार की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। माउंट कैमरून का समूहवर्ती ढाल अफ्रीका का सर्वाधिक आर्द्र स्थान है
6:कटंगा पर्वत : जायरे एवं जाम्बिया का प्रमुख तांबा, सोना ,तीन ,लोहा ,हीरा उत्पादक क्षेत्र है।यहाँ से कांगो, कसाई नदिया निकलती है।