कितनी मिलेगी सब्सिडी?
6.5 फीसदी की क्रेडिट लिंक्ड सब्सिडी सिर्फ छह लाख रुपये तक के लोन पर उपलब्ध है.
12 लाख रुपये तक की सालाना कमाई वाले लोग नौ लाख रुपये तक के लोन पर चार फीसदी ब्याज सब्सिडी का लाभ उठा पाएंगे.
इसी तरह 18 लाख रुपये तक की सालाना कमाई वाले लोग 12 लाख रुपये तक के लोन पर तीन फीसदी ब्याज सब्सिडी का लाभ उठा पाएंगे.
सरकारी सब्सिडी की रकम
इस योजना में ब्याज पर मिलने वाली सब्सिडी ब्याज की रकम का अंतर (वास्तविक और सब्सिडी प्राप्त) नहीं होगी. यह ब्याज सब्सिडी की रकम का नेट प्रजेंट वैल्यू (एनपीवी यानी NPV) होगी.
सालाना आमदनी के हिसाब से ब्याज पर सब्सिडी की रकम

यह नौ फीसदी के डिस्काउंट रेट पर कैलकुलेट की जाएगी. किसी सब्सिडी की एनपीवी की गणना करने के लिए आपको लोन के लिए चुकी जाने वाली राशि और और हर मासिक क़िस्त में ब्याज की रकम पर ध्यान देने की जरूरत है.
सब्सिडी की रकम से आपके लोन की रकम घट जाती है और इस तरह आप पर ब्याज का बोझ कम हो जाता है.।
कैसे होगी ब्याज सब्सिडी की गणना
मान लेते हैं कि लोन लेने वाले किसी व्यक्ति की सालाना आमदनी छह लाख रुपये है.
(लोन की अधिकतम रकम छह लाख रुपये: सब्सिडी: 6.5 फीसदी)
लोन की वास्तविक राशि: 6 लाख रुपये
ब्याज दर : 9 फीसदी
मासिक क़िस्त: 5,398 रुपये
20 सालों में कुल ब्याज: 6.95 लाख रुपये
6.5 फीसदी सब्सिडी के हिसाब से आपका ब्याज सब्सिडी के बाद एनपीवी 2,67,000 रुपये हो जायेगा.
यही ब्याज सब्सिडी सरकार लोगों को उपलब्ध करा रही है. इस हिसाब से आपका लोन वास्तव में छह लाख रुपये की जगह 3.33 लाख रुपये हो जाता है.