ज्वार का समय

 प्रत्येक स्थान पर सामान्य तौर पर दिन में दो बार ज्वार आता है क्योंकि पृथ्वी 24 घंटे में एक पूर्व चक्कर लगा लेती है अतः प्रत्येक स्थान पर 12 घंटे के बाद जो आ जाना चाहिए था प्रत्येक दिन ज्वार एक ही समय पर आना चाहिए परंतु वास्तव में ऐसा नहीं होता है।

प्रतिदिन ज्वार लगभग 26 मिनट देर से आता है इसका प्रमुख कारण चंद्रमा का भी अपने अक्ष पर चक्कर लगाते हुए पृथ्वी की परिक्रमा करना हैै।

पृथ्वी पश्चिम से पूर्व दिशा में चक्कर लगाती है परिणाम स्वरूप ज्वार केंद्र पूर्व से पश्चिम दिशा की ओर अग्रसर होते हैं।

ज्वार केंद्र जब अपना एक पूरा चक्कर लगा लेता हैं तो चंद्रमा उसके कुछ आगे निकल गया रहता है क्योंकि वह पृथ्वी की परिक्रमा करता है परिणाम स्वरुप ज्वार केंद्र को चंद्रमा के नीचे पहुंचने के लिए लगभग 52 मिनट की और करनी पड़ती है।

इस तरह एक ज्वार केंद्र को चंद्रमा के सामने आने में 24 घंटे 52 मिनट का समय लगता है परंतु इसी समय ज्वार केंद्र के विपरीत स्थित भाग में 26 मिनट देरी (12 घंटे 26 मिनट) से आता है।

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