मराठा राजवंश के संस्थापक शिवाजी थे।
शिवाजी का जन्म 1627ई0 में शिवनेरी दुर्ग में हुआ था।
1657 में शिवाजी का पहली बार मुकाबला औरंगजेब (मुगलों) से हुआ।
शिवाजी की अन्तिम विजय जिंजी थी।
अष्टप्रधान
1. पेशवा ः सम्पूर्ण राज्य के शासन की देखभाल करना।
2. अमात्य या मजमुआदार ः अर्थमंत्री-आय-व्यय की देखभाल
3. मंत्री या बाकयानवीस ः गृहमंत्री-राजा के दैनिक कार्यों की देखभाल
4. सुमंत या दबीर ः विदेश मंत्री-गुप्तचर विभाग
5. सचिव या सुरुनवीस ः पत्राचार विभाग
6. सेनीनापति ः सैन्य विभाग
7. न्यायाधीश ः न्याय विभाग
8. पंडितराव (सद्र) ः धार्मिक विभाग
शिवाजी के पिता का नाम शाहजी भोंसले एवं माता का नाम जीजाबाई था।
शिवाजी के गुरू दादा कोंडदेव थे।
शिवाजी के अध्यात्मिक गुरू का नाम समर्थ रामदास था।
शिवाजी ने हिन्दू पद पादशाही का विचार अंगीकार किया।
शिवाजी ने गाय और ब्राह्मणों की रक्षा करने के लिए व्रत लिया और हिन्दुत्व के रक्षा के लिए हैन्दव धर्मोद्वारक की उपाधि धारण की।
1644ई0 में शिवाजी ने सर्वप्रथम बीजापुर के तोरण किले पर अधिकार किया। 1647 कोण्डाना की विजय किया। इसके बाद बीजापुर के सुल्तान ने उनके पिता शाह जी भोंसले को गिरफ्तार कर लिया।
1656 में शिवाजी ने जावली विजय किया।
1659 ई0 मंे बीजापुर के सुल्तान ने अपने सेनापति अफजल खाँ का शिवाजी के विरूद्व भेजा -शिवाजी ने प्रतापगढ़ दुर्ग के जंगलों मंे बाघनख से अफजल खाँ की हत्या कर दी।
-शेष अगले भाग में