इसमें किसी भी वस्तु को अस्पष्ट देखने के लिए कम से कम दूरी 25 सेंटीमीटर होनी चाहिए और अधिकतम दूरी अनंत होनी चाहिए
मानव की आंखों में तीन पटेल होती हैं-
Sclerotic - यह ऑख की सबसे बड़ी पटल होती है जो रक्षात्मक कार्य करती है यह आंख की आकार पर एक झिल्ली चढ़ा देती है जिसे कार्निया कहा जाता है इस कार्य को ही नेत्र दान में दिया जाता है। मरने के बाद 6 घंटे के अंदर निकाल लेना जरूरी होता है और 36 घंटे बाद अंदर इसका प्रत्यारोपण कर दिया जाता है।
Choroid - यह आंख की मध्य पटल होती हैं जिनमें-
इसी के कारण आंखे इस कदर कि होती हैं।जानवर की आंखों में इससे लगी हुईं चमकदार लेयर होती हैं।जिसे Raptum, lucidium कहा जाता है।
इस पर प्रकाश पड़ने पर यह प्रकाश को तुरंत रिफ्लेक्ट कर देती हैं।इसी कारण जानवरों की आंखे रात में तेज चमकती है।
Retina - यह आंख की सबसे भीतरी पटल होती है।इस प्रकार किसी वस्तु का वास्तविक वह उल्टा प्रतिविम्ब बनता है। जब ब्रेन उसे सीधा करता है।तो कोई वस्तु सीधी दिखाई देती है। इनमें शंकर और शलाका कोशिकाएं होती है।जो क्रमश रात और दिन में दृश्य प्रदान करती हैं।मानव में शलाका कोशिकाएं कम विकसित होने के कारण दिन कि अपेक्षा रात में कम दिखाई देता है।