यूरोपीय संघ ने 28 नवंबर को सरकारों, उद्योगों, नागरिकों व अन्य क्षेत्रों से अनुरोध किया है कि ब्लॉक को 2050 तक जैव ईंधन के प्रयोग से मुक्त बनाने की महत्वाकांक्षी योजना का हिस्सा बनें।
जलवायु आयुक्त मिगुएल एरिआस कैनटे के अनुसार, यदि यूरोप अपने मौजूदा लक्ष्य को बनाए रखता है, तो वह 2050 तक कार्बन उत्सर्जन को सिर्फ 50 प्रतिशत तक ही कम कर पाएगा।
यह 2015 पेरिस समझौते के तहत ब्लॉक द्वारा किए गए वादे को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं है।
अगले सप्ताह दुनिया के 200 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधि सीओपी-24 में हिस्सा लेने के लिए पोलैंड में एकत्र होने वाले हैं।
इस सम्मेलन का लक्ष्य 2015 के पेरिस समझौते को पूरी तरह से लागू कराना होगा।