वृहद् हिमालय-:
इसे हिमाद्रि या सर्वोच्च हिमालय की भी संज्ञा प्रदान की गई है। यह हिमालय की सर्वोच्च तथा सबसे ऊपरी श्रेणी है जिसका आंतरिक भाग आर्कियन शैलों( ग्रेनाइट, नीस तथा शिष्ट चट्टानें ) तथा सिरे एवं पाश् र्व भागों में कायान्तरित अवसादी शैलों से निर्मित हैं। इस श्रेणी की औसत ऊंचाई 6100 मीटर, लंबाई 2500 किलोमीटर और चौड़ाई 25 किलोमीटर है। दूसरे शब्दों में या पश्चिम में नंगा पर्वत से पूर्व में नामचा बर्बा पर्वत तक एक चाप की भांति पर्वतीय दीवार के रूप में फैली है। मध्य भाग जो प्रमुखत: नेपाल देश में स्थित है, सबसे ऊंचा भाग है। इस पर्वत की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट, कंचनजंगा, धौलागिरी, अन्नपूर्णा, मकालू,नंदा देवी, त्रिशूल, बद्रीनाथ, नीलकंठ, केदारनाथ हैं एवरेस्ट चोटी को पहले तिब्बती भाषा में चोमोलुंगमा कहते थे, जिसका अर्थ है पर्वतों की रानी।