बहु-उद्देश्य परियोजनाएं-:
ऐसी परियोजना जिससे एक साथ कई उद्देश पूरे किए जा सके, बहुउद्देशीय परियोजना कहलाती हैं।
सिंचाई, बाढ़ नियंत्रण, पेयजल की आपूर्ति, मत्स्य पालन, पर्यटन, जलविद्युत आदि।
भारत की पहली जल विद्युत परियोजना 1897 में दार्जिलिंग में बनाई गई।
1901 में कर्नाटक में कावेरी नदी पर शिवसमुद्रम परियोजना स्थापित की गई।
अमेरिका की टेनेसी वैली तथा सोवियत संघ (यूक्रेन) की परियोजनाएं विश्व प्रसिद्ध उद्देश्य परियोजना है।
वर्तमान में विश्व में 40000 बड़े बांध तथा भारत में 5000 बड़े बांध हैं।
बड़े बांध की ऊंचाई 15 मीटर से अधिक होती है सर्वाधिक 20000 बड़े बांध चीन में है।
यूएसए द्वितीय, यूएसएसआर तृतीय, जापान चौथे भारत पांचवें स्थान पर है।
चीन का Three Garges Dam विश्व का सबसे बड़ा बांध है। भारत की सबसे बड़ी जल विद्युत परियोजना सतलज नदी पर हिमाचल प्रदेश में है।
दामोदर घाटी परियोजना-:
आजादी के बाद पहली बहुउद्देशीय परियोजना इससे अमेरिका की टेनेसी घाटी परियोजना की तर्ज पर बनाया गया है। यह दामोदर नदी पर बनाई गई है।
तुंगभद्रा परियोजना-:
तुम भद्रा नदी पर ऑन प्रदेश कर्नाटक की संयुक्त परियोजना जो दक्षिण भारत की सबसे बड़ी परियोजना है।