मुस्लिम लीग-3

चम्पारण विद्रोह के कारण अंग्रेजों की तीन कठिया प्रणाली को समाप्त करना पड़ा। (चम्पारण विद्रोह में गाँधी जी ने नील किसानों का नेतृत्व किया था।

      अहमदाबाद सत्याग्रह गाँधी जी ने कपड़ा मिल मालिकों के विरूद्व किया था।

      गाँधी जी ने 1918 ई0 में गुजरात के खेड़ा जिले में किसानों को कर न देने के लिए आन्दोलन चलाया।

      19 मार्च 1919 ई0 को रौलट एक्ट लागू कर दिया गया।

      इस कानून के अनुसार किसी भी संदेहास्पद व्यक्ति को बिना मुकदमा चलाये गिरफ्तार किया जा सकता था, परन्तु उसके विरूद्व न कोई अपील न कोई दलील और न कोई वकील किया जा सकता था।

      गाँधी जी ने 6 अप्रैल 1919 को इस कानून का विरूद्व देशव्यापी हड़ताल कर दी।

      13 अप्रैल 1919 को अमृतसर में जलियाँवाला हत्याकाण्ड हुआ।

      डा0 सतपाल और सैफउद्दीन किचलू की गिरफ्तारी के विरोध में जलियाँवाला बाग में हो रही जनसभा पर जनरल डायर ने अंधाधंुध गोली चलवायी।

      जलियावाला बाग हल्याकाण्ड में हंसराज नामक भारतीय ने डायर का सहयोग किया था।

      शंकरन नायर ने जलियावाला बाग हत्याकांण्ड के विरोध में वायसराय के कार्यकारिणी परिषद से इस्तीफा दे दिया।

      इस हत्याकाण्ड के विरोध में महात्मा गाँधी ने कैसर-ए-हिन्द की उपाधि और जमना लाल बजाज ने राय बहादुर की उपधि एवं रवीन्द्र नाथ टैगोर ने सर की उपाधि ब्रिटिश सरकार को वापस लौटा दी।

-शेष अगले भाग में

Posted on by