सूर्य एवं ग्रहों के संदर्भ में तथ्य
(1) सूर्य :-
हमारे सौर मंडल में एकमात्र तारा और सौर मंडल का ऊर्जा स्त्रोत है।
हाइड्रोजन (73%) एवं हीलियम (25%) गैसों तथा अन्य धातुओं से निर्मित है। सूर्य में हमारे सौर मंडल का लगभग 99% द्रव्यमान है।
यह पृथ्वी से लगभग 15 करोड़ किलोमीटर दूर स्थित है। इसका प्रकाश पृथ्वी तक पहुँचने में 3 लाख कि.मी/सैकंड की गति से लगभग 8 मिनट 30 सैकंड का समय लेता है।
सतह का तापमान = 5800 K या 5600 डिग्री सेल्सियस
केंद्र का तापमान = 15.7 मिलियन K
(2) बुध ग्रह :-
यह सूर्य से सबसे निकटतम तथा अत्यधिक गर्म ग्रह है।
यह 4900 कि.मी. के व्यास के साथ सौर मंडल का सबसे छोटा ग्रह है।|
यह 172500 कि.मी. प्रति घंटा की गति से 88 दिनों में सूर्य के चारों ओर घूर्णन को पूर्ण करने वाला सबसे तेज ग्रह है।
इस ग्रह पर जल एवं नाइट्रोजन, हाइड्रोजन, ऑक्सीजन एवं कार्बन-डाई-ऑक्साइड जैसी गैंसे उपस्थित नहीं हैं।
(3) शुक्र :-
सौर मंडल का सबसे गर्म ग्रह जिसका सतही तापमान 478 डिग्री सेल्सियस होता है।
इसे पृथ्वी के जुड़वा ग्रह (“Earth’s Twin”) के नाम से भी जाना जाता है। ऐसा शुक्र तथा पृथ्वी के बीच आकार तथा द्रव्यमान में समानता के कारण है।
सौर मंडल के दो ग्रहों में से एक ग्रह ऐसा होता है जो अक्ष के चारों ओर दक्षिणावर्त दिशा में घूर्णन करता है।
सौर मंडल का सबसे चमकदार तारा है। इसे सुबह एवं शाम को खुली आँखों से स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। इसलिए इसे “सांझ का तारा (इवनिंग स्टार)” एवं “भोर का तारा (मोर्निंग स्टार)” भी कहा जाता है।
(4) पृथ्वी :-
एक अच्छे वातावरण के साथ जीवन को समर्थन देने वाला एकमात्र ग्रह है।
इस पर जल की उपलब्धता के कारण इसे “नीला ग्रह (ब्लू प्लेनट)” भी कहा जाता है।
इसका एक प्राकृतिक उपग्रह “चन्द्रमा” है।
(5) मंगल :-
इसे लौह-युक्त लाल मृदा के कारण “लाल ग्रह” भी कहा जाता है।
यह बुध के बाद सौर मंडल का दूसरा सबसे छोटा ग्रह है।
इसमें दो प्राक्रतिक चंद्रमा “फोबोस” एवं “डीमोस” हैं।
इसमें घाटियों, गड्ढ़ों, रेगिस्तानों तथा आईस कैप इत्यादि के साथ महीन वातावरण और सतह शामिल है।
“ओलम्पस मोन्स” – मंगल ग्रह पर सौर मंडल में सबसे बड़ा ज्वालामुखी तथा सबसे बड़ा पर्वत है।
(6) बृहस्पति :-
यह सबसे कम घूर्णन अवधि वाला सौर मंडल का सबसे बड़ा ग्रह है।
इसके वातावरण में हाइड्रोजन, हीलियम एवं अन्य गैसें उपस्थित होती हैं।
यह चन्द्रमा एवं शुक्र के बाद रात्रि आकाश में तीसरा सबसे अधिक चमकदार ग्रह है।
सौर मंडल में इस ग्रह पर एक विशाल तूफ़ान ग्रेट रेड स्पॉट होता है।
इसमें 4 विशाल गेलिनियन चंद्रमाओं “आई.ओ, यूरोपा, गेनीमेड एवं केलिस्टो” सहित कम से कम 69 चंद्रमा होते हैं, जिनकी खोज गेलिलियो द्वारा की गई थी। इन सब में “गेनीमेड़” सबसे बड़ा है।
इसके चारों ओर एक अस्पष्ट वलय (ring) होता है ।