स्वास्थ क्षेत्र में प्रमुख पहल एवं घोषणाओ की पृष्ठभूमि-बजट 2018-19
‘सर्वेभावंती सुखिना, सर्वे सन्तु निरामया’ के मार्गदर्शक सिद्धांत के तहत स्वास्थ – मानव विकास का ह्रदय माना हैं|
‘आयुष्मान भारत’ के तहत दो मुख्य पहले-
1.राष्ट्रयी स्वास्थ्य नीति -2017 के तहत स्वास्थ्य प्रणाली की नींव के रूप में ‘स्वास्थ्य और आरोग्य केन्द्र’ हैं, जो असंचारी रोगों और मात्रत्व तथा बाल स्वास्थ्य सेवाओ सहित व्यापक स्वास्थ्य सेवाए लोगों के घरों के नजदीक उपलब्ध कराएगी |
- आवश्यक दवाये एवं सेवाए निःशुल्क रहेंगी |
2.स्वास्थ संरक्षण- राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत 30 हजार रूपये वार्षिक कवरेज जो राज्य सरकार के सहयोग से विविध राशि प्रदान कर अधिक अकांक्षा वाला स्तर प्रदान करेगी l (यह अभी तक की स्कीम थी जो अधिकतम 5 लाख तक हो सकती थी l)
- वर्तमान बजट में गरीब और कमजोर परिवार को 5 लाख तक का कवरेज प्रदान करने की बात की गयी हैं l
इससे संवर्धित उत्पादकता, कल्याण में वृद्धि होगी साथ ही हानि एवं दरिद्रता से बचा जा सकेगा, तथा साथ ही महिलाओ के लिए लाखो रोजगार अवसर उपलब्ध होंगे l
अन्य:-
- जिला अस्पतालों को अपग्रेड कर 24-चिकित्सा कालेज बनाये जायेंगे l
- 3-संसदीय क्षेत्र में कम से कम 1-कालेज की स्थापना की जाएगी l जिसमे केंद्र-राज्य हिस्सेदारी 60:40 होगी l (उपरोक्त दोनों में)