यस आई ब्लीड (Yes I Bleed) सम्मेलन
- स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के सहयोग से |
- एमिटी विश्वविद्यालय, नोएडा के प्रांगण में एक संस्थान (SHE WING) द्वारा आयोजित सम्मेलन यस आई ब्लीड है।
- एक महत्वपूर्ण समसामयिक राष्ट्रीय विषय ‘मासिक धर्म’ पर आयोजित कार्यशाला का आयोजन किया |
- जिसका उद्देश्य है:- रजोधर्म के प्रति समूचे राष्ट्र में चेतना निर्माण करना ताकि रजोधर्म (पीरियड) के प्रति जो रूढिवादी सोच, अंधविश्वास और झेंप है, वह खत्म हों ।
- देश में अकेले 12 प्रतिशत महिलाएं ही उपयुक्त सेनेट्री नैपकिन पाती है और उनमें से भी 90 प्रतिशत सेनेट्री नैपकिन प्लास्टिक के बने होते हैं जिनको नष्ट होने में 800 वर्ष लगते हैं । ऐसे प्लास्टिक नैपकिन, पर्यावरण के अलावा शरीर के लिए हानिकारक होते हैं ।
- गरीब और ग्रामीण अंचल में रहने वाली किशोरियां एवं मासिक धर्म से गुजरती हुई महिलाओं को उपयुक्त सुरक्षा आवरण नहीं मिलने के कारण उनमें संक्रमण होता है । वे बीमारी का शिकार होती हैं और कई बार यह संक्रमण जीवन घातक हो जाता है ।
- भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया के अन्य विकसित देशों में भी महिलाओं को शारीरिक कष्ट और सामाजिक झेंप का सामना करना पड़ता है ।
याद रखने योग्य बिन्दु:- इस विषय में किसके द्वारा एवं किस उद्देश्य के लिए इसको किया गया अवश्य याद होना चाहिए जिसका उपयोग हम महिला सशक्तिकरण के किये गए पर्यास के अंतर्गत लिख सकते हैं |
नोट :- यह विषय upsc के साथ साथ एसएससी, रेलवे सभी पीसीएस के लिए भी अत्यन्त महत्वपूर्ण हैं | धन्यवाद |