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महिला और बाल विकास मंत्रालय ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) के अंतर्गत 271.66 करोड़ रुपये का कुल भुगतान किया। देश भर में फैले 11,47,386 लाभार्थियों को इस राशि का भुगतान किया गया।
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सरकार ने 01.01.2017 से देश के सभी जिलों में पीएमएमवीवाई के पैन इंडिया कार्यान्वयन को मंजूरी दी थी, जिसके अंतर्गत पात्र लाभार्थी को 5,000/- रुपये मिलेंगे और बच्चे के जन्म के बाद जननी सुरक्षा योजना (जेएसवाई) के अंतर्गत मातृत्व लाभ के स्वीकृत नियमों के अनुसार शेष नकद प्रोत्साहन राशि मिलेगी, जिससे औसतन एक महिला को 6,000/- रुपये मिलेंगे।
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प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) के अंतर्गत मातृत्व लाभ सामान्य रूप से परिवार के पहले जीवित बच्चे के लिए सभी गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली माताओं के लिए उपलब्ध है।
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इसमें केन्द्र सरकार अथवा राज्य सरकार अथवा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम में काम करने वाली महिलाएं अथवा किसी भी कानून के अंतर्गत इसी प्रकार के लाभ प्राप्त करने वाली महिलाएं शामिल नहीं हैं।
- इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को नकद प्रोत्साहन राशि प्रदान करना है, ताकि वे पहले जीवित बच्चे के जन्म से पहले और जन्म के बाद पर्याप्त आराम कर सकें और नकद प्रोत्साहन राशि से गर्भवती महिला और स्तनपान कराने वाली माताओं के स्वास्थ्य में सुधार हो सके।