जीसैट-11 का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण
चर्चा का कारण-
• भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (Indian Space Research Organisation’s -ISRO) के सबसे भारी और उन्नत संचार उपग्रह GSAT -11 को फ्रेंच गुयाना (French Guiana) के कौरु (Kouru) लॉन्च बेस स्पेसपोर्ट (Spaceport) से सफलतापूर्वक लॉन्च किया गया।
मुख्य बिन्दु-
• इस संचार उपग्रह को यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी के रॉकेट एरियन-5 (Arianए-5) से लॉन्च किया गया।
• GSAT-11 इसरो के उच्च प्रवाह क्षमता वाले संचार उपग्रह (high-throughput communication satellite- HTS) समूह का हिस्सा है।
• इस श्रेणी के दो संचार उपग्रह GSAT-29 और GSAT-19 पहले से ही अंतरिक्ष में हैं।
• यह ISRO द्वारा निर्मित 34वाँ संचार उपग्रह है।
जीसैट-11 की विशेषताएं
• जीसैट-11 उपग्रह का वजन 5.8 टन है।
• इसकी कुल लागत 1117 करोड़ रुपये है ।
• इसका प्रत्येक सौर पैनल 4 मीटर से भी बड़ा है तथा यह 11 किलोवाट ऊर्जा का उत्पादन करेगा ।
• सैटेलाइट के सफल प्रक्षेपण से भारत के पास अपना स्वयं का सैटेलाइट आधारित इंटरनेट होगा।
• सैटेलाइट आधारित इंटरनेट से हाई स्पीड कनेक्टिविटी बढ़ जाएगी ।
• जीसैट-11 अगली पीढ़ी का 'हाई थ्रोपुट' संचार उपग्रह है।
• इसका जीवनकाल 15 साल से अधिक से ज्यादा का है।
• इसे पहले 25 मई को प्रक्षेपित किया जाना था लेकिन इसरो ने अतिरिक्त तकनीकी जांच के कारण इसके प्रक्षेपण का कार्यक्रम बदल दिया था ।
• जीसैट-11 को जियोस्टेशनरी कक्षा में 74 डिग्री पूर्वी देशांतर पर रखा जाएगा, उसके बाद उसके दो सौर एरेज और चार एंटिना रिफ्लेक्टर भी कक्षा में स्थापित किए जाएंगे, कक्षा में सभी परीक्षण पूरे होने के बाद उपग्रह काम करने लगेगा।
• जीसैट-11 भारत की मुख्य भूमि और द्वीपीय क्षेत्र में हाई-स्पीड डेटा सेवा मुहैया कराने में मददगार साबित होगा, उसमें के.यू. बैंड में 32 यूज़र बीम जबकि के.ए. बैंड में आठ हब बीम लगाए हैं ।
लाभ-
• देश भर में ब्रॉडबैंड सेवाएँ उपलब्ध कराने में GSAT एक महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह स्पॉट बीम तकनीक (spot beam technology) के उपयोग के कारण क्षेत्र में ब्रॉडबैंड की क्षमता में वृद्धि करेगा और इंटरनेट डाटा की उच्च दर सुनिश्चित करेगा।
• GSAT-11 भारत नेट परियोजना (Bharat Net Project) जो डिजिटल इंडिया कार्यक्रम का हिस्सा है, के अंतर्गत आने वाले देश के ग्रामीण क्षेत्रों और दुर्गम ग्राम पंचायतों में ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी को बढ़ावा देगा।
• उल्लेखनीय है कि भारत नेट परियोजना का उद्देश्य अन्य योजनाओं के साथ-साथ ई-बैंकिंग, ई-हेल्थ तथा ई-गवर्नेंस जैसी सार्वजनिक कल्याण की योजनाओं को बढ़ावा देना है।
स्रोत:- भारत सरकार की प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो और राज्य सभा टीवी, डीडी न्यूज़ संबन्धित संस्था की मुख्य वेबसाइट एवं अन्य निजी समाचार पत्र ( द हिन्दू, टाइम्स ऑफ इंडिया,मिंट, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर, जनसत्ता इत्यादि ) |
नोट:- इस जानकारी का उपयोग केवल शिक्षण कार्य एवं जानकारी के लिए किया जा रहा हैं |